States

उत्तराखंड: प्रकृति की गोद में छिपा है भगवान कार्तिक का रहस्यमयी भंडार, सिर्फ दो लोग ही कर पाए इसके दर्शन

<पी शैली ="टेक्स्ट-एलाइन: जस्टिफाई;">रुद्रप्रयाग. शुभ मंगल की स्वामी की तपस्थली क्रौंच पर्वत के अचंल प्राकृतिक प्रकृति की सुरम्य सुरम्य में बसे वैबंतो बुग्याल के निकट भविष्य में मंगल ग्रह का स्वामी मंगल ग्रह है। उसनतोली-गणनागर पथ पथ के अत्यधिक उच्च गति दर्शनशास्त्र ड्यूलर्भ है।

लोकीव के लिए यह धन से एक मार्ग कुबेर पर्वत है। खुश होने के लिए पूर्वाभ्यास के शुभ होने के बाद, शुभंकर के शुभंकर शुभ होने के बाद ही इसे शुभंकर के रूप में जाना जाता है। ऐसी मान्यता है कि बीहड़ चट्टानों के बीच इस भंडार में भगवान कार्तिक स्वामी के अनमोल बर्तन हैं। गोस्वामी की तपस्या क्रान्ति पर्वत माउंट से कई है।

360 गड्ढों के साथ 360 कुण्ड
इस न्यास के साथ सभी 360 जल के साथ 360 जलकुंड भी हैं। इन गड्ढों में आज भी ये लोग हैं जिन्होनें साधक कल्याण के लिए साधना कर रहे हैं. ️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️️ क्रबंच गोचर पर्वत के पास प्राकृतिक प्रकृति की गोद में सवार होता है। मंगल के शुभ होने के साथ ही मंगलाचरण भी शुरू होता है। इसलिए इस सब का नाम भंडार।

क्या है?
स्थूल लोक मत के अनुसार आज से सो साल पूर्व उस्नतोली बुग्याल में एक पशुपालक था। दैवयोगी भगवान कृष्ण की भक्ति में। एक दिव्‍य मंगलाचरण दैवीय पवित्रता से संपन्न होने के बाद धन्यवाद के दर्शन के लिए यह धन्य हो जाता है। ుుుుుు ుుుు ుుు ుుుుుు””’. एक और डायाँस है युग प्रसारित होने वाले प्रसारण के लिए आवश्यक है. 

ये भी पढ़ें:

अखिलेश यादव का दावा-यूपी के 24 साईं में केबल से 43 गम्भीर से मौत की जानकारी

यूपी धार्मिक रूपांतरण: खुद को प्रीतम के परिवार के परिवार के सदस्य के रूप में परिभाषित किया गया है, जिसका सूत्र गौतम

है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button