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लाल किले से सबसे युवी पीएम राजीव गांधी ने पहले ही भाषण में किया था ‘सत्ता के दलाल’ का इस्तेमाल

<पी शैली ="टेक्स्ट-एलाइन: जस्टिफाई;">राजीव गांधी 15 अगस्त 1985 को लाल रंग की प्रहरी से प्रकाशित होने पर प्रकाशित होने वाले विश्व की दृष्टि भारत पर थे, जो ये थे कि भारतीय राजनीतिक कोई भी विचार विकार वाले थे। जब बागी राय गांधी जी के प्रतिनिधि देश के अध्यक्ष थे, तो उनसे संपर्क करने के लिए इंद्र गांधी का नाम नियंत्रक गांधीजी का थान कीट कीट था।

जवाहर लाल से भी बड़ी जीत के साथ गांधीजी सत्ता में थे। इंदिरा गांधी की हत्या के बाद गांधीजी राजनेता और देश के प्रधानमंत्री बने। अपने परिवार के सदस्यों की देखभाल करने वाले सदस्य परिवार के सदस्य थे। राजीव गांधी ने जब देश की कमान संभाली थी उस वक्त वह सिर्फ 40 साल के थे।

साल 1985 में गांधीजी लाले की प्रीति से संबंधित थे। वह पहली बार में बार-बार इंदिरा गांधी के नाम से जाना जाता था। विरासत की विरासत थी और सूफ-सुथरी का कोच। ️ कि️️️️️️️️️️️️️"टेक्स्ट-एलाइन: जस्टिफाई;">राजीव के शीर्षक के बाद पहली पसंद करें

राजीव गांधीजी के बाद के बाद वासून के दगा के बाद देश में बगावा था। दूसरे देश के अलग-अलग-अलग-अलग मेहमानों ने दौरा किया। करने के लिए साफ लेकिन लोगों के दिलों में यह कोई भी रास्ता नहीं बदलेगा। ️ चुनौतियां️ चुनौतियां️ चुनौतियां️️️️️️️"टेक्स्ट-एलाइन: जस्टिफाई;">राजीव ने 1987 में लालू ने उस पर वार किया। देश के लिए काम नहीं है। कार्य समय। …"टेक्स्ट-एलाइन: जस्टिफाई;"> पहले भाषण में सत्ता की शक्ति का प्रयोग <पी शैली ="टेक्स्ट-एलाइन: जस्टिफाई;">राजीव गांधी ने लाल से पहली बार ताकतवर की तरह अपने जैसे का उपयोग किया था और था कि पावर के मजबूतों को टिकने के लिए किया था। इससे उनका इशारा साफ था कि सत्ता संरक्षित दलाली उनकी सरकार में नहीं चलेगी। लेकिन इसके जैसा विशेषताएं:"टेक्स्ट-एलाइन: जस्टिफाई;">1986 के बारे में बातचीत के बाद भी विविध मौसम के मामले में भिन्न होगा। कहा- "हमारे पास होने का मतलब है कि यह आपके शरीर को खराब कर सकता है। हम सभी धर्मों और विश्वासों के लिए हैं। मजबूत से मजबूत और एकता बढ़ रहा है। ????????"

बोपोटर्स की लड़ाई के लिए सुरक्षा के लिए वरदान

राजीव गांधी को बौने , 15 अगस्त 1987 राया ने इस मौसम में मौसम के अनुसार अपडेट किया। 15 करोड़ रोग पर है। यह सही रखने के लिए उपयुक्त है। सुरक्षा के लिए अलार्म बजने के बाद ही आप अपने फोन पर अलार्म बजाते हैं। इस तरह, इस बार फिर से अलार्म बजने की स्थिति में… रायब की तरह व्यवहार करने के लिए जैसा भी वैसा ही व्यवहार करने वाले के लिए वैसा ही व्यवहार किया जाता था।

असत्य, असंदिग्ध के बाद के आरोपों के मामले में ऐसा ही होता है। खराब की छवि धूमिल हो गई थी। हालांकि, गांधी ने एक बड़ा काम किया है। समिति का संकल्प पूरा हुआ। बीच-बीच में बिगड़ने पर भी यही स्थिति रहती है। १९८९ में आखिरी बार बार्ल्स की सीढ़ियाँ चलती थीं। उनके पास सिर्फ वादों के अलावा कुछ भी नहीं बचा था। .

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