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Shardiya Navratri 2021: Today is Maha Saptami tomorrow is Maha Ashtami note the auspicious time of Kanya Pujan – Astrology in Hindi

मां को खुश करने के लिए नया पर्व पर्व पर्व दिनांक के साथ समाप्त हो गया है। कुछ तारीख़ पूरे होने के दिनांक और तारीख की तारीख की तारीख तय करें। इस साल पर्व पर 8 दिन के दिन के दिन महासप्तमी, महाअष्टमी और महाअष्टमी तिथि को शुभाष्टमी हों ,तो हम करेंगें, तो हम मंगलवार को सप्तमी व्रत करेंगे। जो विष्णु अष्टमी को कन्या राशि के लोग करेंगे, वे कौन साप्तमी को विष्णु करेंगे। इसके ️

नवरात्रि कन्या पूजन अष्टमी कन्या पूजा शुभ मुहूर्त

अष्टमी कन्या पूजन : 13 दिन गुरुवार पूजा के मुहूर्त: अमृत काल- 03:23 AM से 04:56 AM तक और ब्रह्म मुहूर्त- 04:48 AM से 05:36 AM तक।

दिन का चौघड़िया मुहूर्त :
लाभ – 06:26 पूर्वाह्न से 07:53 अपराह्न तक।
अमृत ​​- 07:53 पूर्वाह्न से 09:20 अपराह्न तक।
शुभ – 10:46 पूर्वाह्न से 12:13 अपराह्न तक।
लाभ – 16:32 पूर्वाह्न से 17:59 अपराह्न तक।

कन्यापूज्य नवमी नवरात्रि नवमी कन्या पूजा शुभ मुहूर्त

नवमी कन्या पूजन : 14 दिन पहले 06 बजकर 52 मिनट की तारीख की तारीख। अंतिम बार संपन्न होने के बाद स्वर्ण पदक और हृ€ाुद्घि।

कन्या पूजन विधि कन्या पूजा विधि

शारदीय चालू होने पर इस बार दिनांक एक बजे तक चालू हो जाएगा। ऐसे में नवरात्रि 8 दिन दुबले होते हैं। अष्टमी और नवमी को शुभाशुभ सदस्य घोषित किया गया। हलवा पूड़ी और चने प्रसाद के रूप में बनाए गए हैं। इसके साथ ही कन्याओं को नारियल, फल और दक्षिणा और कहीं, कहीं चूड़िया और बिंदी भी दी जाती है। कन्या को पहली बार पहले एक ही समय में तय किया गया था। फिर भी भरपेट भोजन करते हैं।

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